सासाराम में मंत्री संजय सिंह टाइगर की समीक्षा बैठक, गैस संकट और रोजगार सृजन पर अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
डिजिटल डेस्क l केएमपी भारत l पटना
संजीव कुमार। सासाराम/पटना।
राज्य के श्रम संसाधन एवं प्रवासी श्रमिक कल्याण सह युवा, रोजगार एवं कौशल विकास मंत्री संजय सिंह टाइगर ने सोमवार को सासाराम परिसदन में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक कर श्रमिकों से जुड़े मुद्दों पर गंभीरता से मंथन किया। बैठक में खासतौर पर खाड़ी देशों में फंसे भारतीय श्रमिकों की स्थिति, देश में उत्पन्न गैस संकट के कारण लौट रहे मजदूरों की समस्याएं तथा युवाओं के कौशल विकास और रोजगार सृजन पर विस्तृत चर्चा की गई।
मंत्री ने स्पष्ट कहा कि खाड़ी देशों में किसी भी तरह की विषम परिस्थितियों में फंसे श्रमिकों को सरकार हर संभव मदद उपलब्ध कराएगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऐसे श्रमिकों की पहचान कर उन्हें तत्काल सहायता पहुंचाई जाए और जरूरत पड़ने पर केंद्र सरकार से समन्वय स्थापित कर राहत कार्यों को तेज किया जाए।
लौट रहे श्रमिकों के लिए विशेष व्यवस्था के निर्देश
बैठक में हाल के समय में खाड़ी क्षेत्र में उत्पन्न तनावपूर्ण हालात के कारण देश में गैस आपूर्ति प्रभावित होने और इसके चलते विभिन्न राज्यों से श्रमिकों के वापस लौटने की स्थिति की भी समीक्षा की गई। मंत्री ने कहा कि लौट रहे श्रमिकों को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए सभी विभाग समन्वय बनाकर काम करें। उन्होंने आवास, रोजगार और आर्थिक सहायता से जुड़े मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

हेल्पलाइन को और प्रभावी बनाने पर जोर
मंत्री ने विभाग द्वारा संचालित हेल्पलाइन सेवाओं की भी समीक्षा की और उन्हें अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि श्रमिकों तक समय पर सहायता पहुंचाने के लिए हेल्पलाइन को मजबूत करना बेहद जरूरी है। साथ ही, जरूरतमंदों तक योजनाओं की जानकारी पहुंचाने के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए।
युवाओं के कौशल विकास पर सरकार का फोकस
बैठक के दौरान मंत्री ने कहा कि बिहार के युवाओं में अपार प्रतिभा है और उनका कौशल आज राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बना रहा है। सरकार बाजार की मांग के अनुरूप प्रशिक्षण कार्यक्रम चला रही है, ताकि युवाओं को बेहतर रोजगार मिल सके। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि कौशल विकास योजनाओं को जमीनी स्तर तक पहुंचाने के लिए व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाए।
पारदर्शिता और समयबद्धता पर सख्ती
मंत्री ने स्पष्ट किया कि श्रमिक हित सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पहुंचे, यह सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बैठक में विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने अपनी-अपनी प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। मंत्री ने सभी लंबित कार्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने और नियमित समीक्षा करने के निर्देश दिए। साथ ही, श्रमिकों की शिकायतों के त्वरित निस्तारण के लिए एक मजबूत और प्रभावी तंत्र विकसित करने पर भी बल दिया गया।






