ईओयू ने 2.36 करोड़ रुपये की आय के मुकाबले 4.76 करोड़ रुपये की संपत्ति होने का किया दावा
लगभग 201.97% अधिक संपत्ति के मामले में पटना से मिली तलाशी वारंट के बाद सीवान, पटना और मुंगेर में कार्रवाई
क्राइम न्यूज़ डेस्क l केएमपी भारत l पटना
कृष्ण मुरारी पांडेय l सीवान |
आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में सीवान के उत्पाद निरीक्षक अंकेश कुमार गोंड के खिलाफ बिहार पुलिस की आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई की। पटना से प्राप्त तलाशी वारंट के आधार पर आर्थिक अपराध इकाई की पांच सदस्यीय टीम ने पुलिस उपाधीक्षक (कोटि) के पर्यवेक्षण में एक साथ पांच अलग-अलग ठिकानों पर छापेमारी शुरू की। इस कार्रवाई से सीवान सहित अन्य जिलों में भी प्रशासनिक महकमे में हलचल मच गई। https://youtu.be/MIiayvOLyTc?si=o30RjGqHiYqTuIhG
आर्थिक अपराध इकाई मुख्यालय द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, विश्वस्त सूत्रों से प्राप्त सूचना के सत्यापन के बाद सीवान के उत्पाद निरीक्षक अंकेश कुमार गोंड के विरुद्ध ज्ञात आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में आर्थिक अपराध इकाई थाना कांड संख्या-13/26, दिनांक 8 जुलाई 2026 के तहत मामला दर्ज किया गया है। यह मामला भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 (संशोधित 2018) की धारा 13(2) सहपठित धारा 13(1)(बी) के अंतर्गत दर्ज किया गया है।
जांच एजेंसी के अनुसार, उत्पाद निरीक्षक अंकेश कुमार गौड़ पर अपने ज्ञात आय स्रोतों से कहीं अधिक संपत्ति अर्जित करने का आरोप है। प्रारंभिक जांच में उनके विरुद्ध कुल 2 करोड़ 36 लाख 31 हजार रुपये की कथित अवैध संपत्ति अर्जित करने के साक्ष्य मिले हैं। यह राशि उनकी वैध आय की तुलना में लगभग 201.97 प्रतिशत अधिक बताई गई है। इसी आधार पर आर्थिक अपराध इकाई ने विशेष न्यायालय, निगरानी, पटना से तलाशी वारंट प्राप्त कर एक साथ कई स्थानों पर कार्रवाई शुरू की।

वारंट मिलने के बाद गुरुवार की सुबह आर्थिक अपराध इकाई की अलग-अलग टीमों ने एक साथ पांच स्थानों पर तलाशी अभियान शुरू किया। पहला छापा पटना के मोलेसलाम-सुल्तानपुर, थाना दानापुर स्थित आवास पर मारा गया। दूसरा छापा मुंगेर के मोहल्ला चंदनबाग, थाना कासिम बाजार स्थित पैतृक आवास पर पड़ा। तीसरी टीम ने मुंगेर के ही मोहल्ला लालूपोखर, थाना कासिम बाजार स्थित व्यावसायिक भवन की तलाशी ली। चौथी टीम ने सीवान शहर स्थित उत्पाद विभाग कार्यालय कक्ष में जांच की, जबकि पांचवीं टीम ने सीवान नगर थाना क्षेत्र के बिचलापुर नगर रजिस्ट्री ऑफिस के पीछे स्थित किराये के आवास पर छापेमारी की।
आर्थिक अपराध इकाई ने बताया कि सभी स्थानों पर दस्तावेजों, चल-अचल संपत्तियों, बैंकिंग एवं निवेश से जुड़े अभिलेखों तथा अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्यों की गहन जांच की जा रही है। तलाशी के दौरान बरामद होने वाले दस्तावेजों और सामग्री का परीक्षण कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
ईओयू ने अपनी प्रेस विज्ञप्ति में स्पष्ट किया है कि तलाशी अभियान अभी जारी है। तलाशी पूरी होने के बाद बरामदगी, जब्त दस्तावेजों और अन्य तथ्यों की विस्तृत जानकारी सार्वजनिक की जाएगी। फिलहाल इस कार्रवाई को भ्रष्टाचार के खिलाफ राज्य सरकार और आर्थिक अपराध इकाई की बड़ी कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है।






