5 और 6 अक्टूबर को प्रखंडों, पंचायतों व बाजारों में आक्रोश मार्च और मुख्य चुनाव आयुक्त का पुतला दहन
इंडिया गठबंधन की बैठक में आंदोलन को गांव-गांव तक पहुंचाने का निर्णय
पॉलिटिकल न्यूज़ डेस्क l केएमपी भारत l पटना
संवाददाता l सीवान।
वोट चोरी के आरोपों के खिलाफ आंदोलन को जिलेभर में व्यापक और संगठित रूप देने का निर्णय इंडिया गठबंधन ने लिया है। शनिवार को अस्पताल रोड स्थित सीवान जिला कांग्रेस कार्यालय में हुई गठबंधन की बैठक में 7 अक्टूबर को शहर में लोकतंत्र बचाओ- संविधान बचाओ मार्च निकालने का फैसला किया गया। इससे पहले 5 और 6 अक्टूबर को जिले के विभिन्न प्रखंडों, पंचायतों और बाजारों में आक्रोश मार्च निकालने के साथ मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला दहन किया जाएगा।
बैठक में कांग्रेस, राष्ट्रीय जनता दल (राजद), भाकपा माले, विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी), भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई) और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीआई-एम) के नेताओं ने हिस्सा लिया। नेताओं ने आंदोलन को केवल जिला मुख्यालय तक सीमित नहीं रखने बल्कि प्रखंड, पंचायत, गांव और कस्बों तक पहुंचाने पर जोर दिया। इसके लिए आम लोगों के बीच वोट चोरी के आरोपों और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों को लेकर जागरूकता अभियान चलाने का निर्णय लिया गया।
बैठक में कहा गया कि दिल्ली में इंडिया गठबंधन की बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार 2 से 8 अक्टूबर तक लोकतंत्र बचाओ सप्ताह मनाया जा रहा है। इसी कार्यक्रम के तहत सीवान में 7 अक्टूबर को मार्च आयोजित किया जाएगा। गठबंधन नेताओं ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की गिरफ्तारी और बर्खास्तगी, मुख्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति की पुरानी प्रक्रिया बहाल करने तथा एसआईआर को रद्द करने की मांग को लेकर आंदोलन तेज करने की बात कही।

अम्बेडकर पार्क से जिलाधिकारी कार्यालय तक जाएगा मार्च
इंडिया गठबंधन का लोकतंत्र बचाओ- संविधान बचाओ मार्च 7 अक्टूबर को शहर के अम्बेडकर पार्क से शुरू होगा। मार्च बबुनिया मोड़, जेपी चौक और कचहरी रोड होते हुए जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचेगा। वहां जिला निर्वाची पदाधिकारी सह जिलाधिकारी से मुलाकात कर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा जाएगा। गठबंधन नेताओं ने अधिक से अधिक कार्यकर्ताओं और आम लोगों से मार्च में शामिल होने की अपील की है।
बैठक में वक्ताओं ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता और मतदाताओं के अधिकारों की रक्षा बेहद महत्वपूर्ण है। इसी उद्देश्य से आंदोलन को जन-जन तक ले जाने का निर्णय लिया गया है। नेताओं ने कार्यकर्ताओं से पंचायत और प्रखंड स्तर पर कार्यक्रमों को सफल बनाने तथा आम लोगों को अभियान से जोड़ने का आह्वान किया।
छह दलों के नेता रहे मौजूद
बैठक की अध्यक्षता भाकपा माले के जिला सचिव इंद्रजीत चौरसिया ने की। इसमें कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुशील कुमार, पूर्व जिलाध्यक्ष शिवधारी दुबे, अशोक सिंह और शशि कुमार शामिल हुए। भाकपा माले की ओर से पूर्व विधायक अमरजीत कुशवाहा और विकास यादव, राजद से जिला महासचिव दीपक यादव और नगर अध्यक्ष ई. रमेश यादव, वीआईपी जिलाध्यक्ष श्रीनिवास यादव, सीपीआई जिला सचिव तारकेश्वर यादव तथा सीपीआई-एम के जिला सचिवमंडल सदस्य परमा चौधरी मौजूद रहे।
इंडिया गठबंधन की ओर से सुशील कुमार ने कहा कि आगामी दिनों में आंदोलन को प्रखंड और पंचायत स्तर पर मजबूत किया जाएगा तथा लोकतांत्रिक अधिकारों के मुद्दे पर व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाएगा।






