एसडीओ आशुतोष गुप्ता के निर्देश पर जांच, चट्टी, अलाव और चारे की व्यवस्था नहीं मिलने पर गोशाला प्रबंधन को कड़ी फटकार
डिजिटल न्यूज़ डेस्क l केएमपी भारत l पटना
सीवान:
सीवान सदर अनुमंडल अंतर्गत श्री गोपाल कृष्ण गौशाला में गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। दिनांक 29 दिसंबर 2025 को अनुमंडल पदाधिकारी, सीवान सदर आशुतोष गुप्ता को गोपनीय सूचना प्राप्त हुई कि गौशाला में तीन गायों की मौत हो चुकी है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए एसडीओ ने तत्काल जांच के आदेश दिए।

उनके निर्देश पर रविंद्र कुमार, कार्यपालक दंडाधिकारी, सीवान सदर एवं संतोष कुमार सिन्हा, प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी, सीवान सदर द्वारा संयुक्त रूप से गौशाला की जांच की गई। जांच के दौरान कई चौंकाने वाली लापरवाहियां सामने आईं। ठंड के इस मौसम में गौशाला में मौजूद गायों को चट्टी (बोरा) नहीं ओढ़ाई गई थी, जिससे गायें ठंड से कांपती हुई पाई गईं। इसके साथ ही अलाव की भी कोई व्यवस्था नहीं थी, जबकि पूर्व में अनुमंडल पदाधिकारी द्वारा ठंड से बचाव के लिए स्पष्ट निर्देश दिए गए थे।

जांच में यह भी पाया गया कि गायों के लिए न तो चोकर उपलब्ध था और न ही हरे चारे की कोई व्यवस्था की गई थी। इसके अलावा पर्याप्त नाद-खुटा की व्यवस्था भी नहीं थी, जिससे पशुओं को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।

तीन मृत गायों को जिस स्थान पर दफनाया गया था, वह भी नियमों के विपरीत पाया गया। मृत गायों को अन्य जीवित गायों के रहने की जगह के पास और चापाकल (पीने के पानी के स्रोत) के समीप दफनाया गया था। जब इस संबंध में गौशाला के मैनेजर कमलेश सिंह से पूछताछ की गई, तो उन्होंने अलग-अलग बहाने बनाने शुरू कर दिए। मृत गायों को दफनाने के बाद नमक डालने के विषय में पूछे जाने पर मैनेजर ने मात्र 6 किलो नमक डालने की बात कही, जिस पर जांच दल ने नाराजगी जताते हुए कम से कम दो बोरा नमक डालने का निर्देश दिया।
पूरी जानकारी मिलते ही अनुमंडल पदाधिकारी आशुतोष गुप्ता स्वयं गौशाला पहुंचे। उन्होंने गौशाला के कोषाध्यक्ष राजेश कुमार को पूर्व निर्देशों का पालन नहीं करने पर कड़ी फटकार लगाई। साथ ही मैनेजर से गायों को ओढ़ाने की व्यवस्था को लेकर सवाल किया गया। मैनेजर द्वारा यह कहे जाने पर कि केवल दूध देने वाली गायों को ही चट्टी ओढ़ाई जाती है, एसडीओ ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की।
अनुमंडल पदाधिकारी ने तत्काल सभी गायों को चट्टी (बोरा) ओढ़ाने का आदेश दिया और नगर परिषद को दूरभाष के माध्यम से गौशाला में अविलंब अलाव की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मामले को गंभीर मानते हुए आगे की कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।






