दर्जनों गांवों का सम्पर्क कटा, ग्रामीणों में आक्रोश
डिजिटल डेस्क l केएमपी भारत न्यूज़ l पटना
संवाददाता, महाराजगंज (सीवान) |
प्रखंड के हहंवा बाजार स्थित ब्रिटिश काल में निर्मित पुराना पुल शनिवार को बालू लदे एक ओवरलोड ट्रक का भार नहीं झेल सका और ध्वस्त हो गया। पुल टूटने के साथ ही महाराजगंज अनुमंडल मुख्यालय से लेकर महाराजगंज प्रखंड के कई गांवों के साथ-साथ बसंतपुर व भगवानपुर प्रखंड के दर्जनों गांवों का संपर्क पूरी तरह कट गया। घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों ने कहा कि कई बार आवेदन देने के बावजूद पुल की मरम्मत नहीं कराई गई, जिसका नतीजा आज सामने आ गया।
ओवरलोड ट्रक पार करते ही धंस गया पुल, बालू से भरा वाहन फंसा
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शनिवार सुबह एक भारी भरकम बालू से लदा ट्रक पुल पार कर रहा था। पुल पहले से ही कमजोर और जर्जर स्थिति में था। जैसे ही ट्रक पुल के बीच पहुंचा, अचानक पुल का एक हिस्सा धंस गया। देखते ही देखते पुल नीचे बैठ गया और बालू लदा ट्रक उसी स्थान पर फंस गया। हालांकि हादसे के वक्त ड्राइवर और खलासी समय रहते नीचे उतर गए, जिससे किसी तरह की जनहानि नहीं हुई। पुल टूटने की खबर मिलते ही आसपास के गांवों के लोग बड़ी संख्या में मौके पर जुट गए।
छह माह पहले सड़क बनी, पर पुल रह गया उपेक्षित
ग्रामीणों ने बताया कि करीब छह माह पहले इसी मार्ग पर सड़क निर्माण कराया गया था, जिससे बड़े वाहन इस रास्ते से गुजरने लगे। लेकिन पुल की मरम्मत को लेकर विभाग ने कभी ध्यान नहीं दिया। ग्रामीण अजय कुमार, सुमन कुमार, भोलू कुमार, नरेश प्रसाद, छोला कुमार आदि ने कहा कि पुल की मरम्मत के लिए कई बार वरीय अधिकारियों को आवेदन दिया गया, लेकिन किसी ने पहल नहीं की।
“सड़क बनते ही बड़े ट्रक और भारी वाहन यहां से चलने लगे। पुल कमजोर था, लेकिन किसी ने इसकी सुध नहीं ली। आज उसकी कीमत सभी गांवों को चुकानी पड़ रही है,” ग्रामीणों ने कहा।
दर्जनों गांवों का संपर्क टूटा, लोगों को लंबा मार्ग लेना पड़ रहा
पुल टूटने से हहंवा बाजार होते हुए महाराजगंज, बसंतपुर, भगवानपुर और आसपास के गांवों का सड़क संपर्क बाधित हो गया। रोजाना इस मार्ग से स्कूल, अस्पताल, बाजार और दफ्तर आने-जाने वाले लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई गांवों के लोग अब वैकल्पिक लंबा रास्ता अपनाने को मजबूर हैं। ग्रामीणों ने कहा कि जब तक नया पुल नहीं बनेगा, तब तक आवागमन बेहद मुश्किल रहेगा।
ग्रामीणों ने दी सूचना, प्रशासन ने लिया संज्ञान
घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने तुरंत प्रशासन को सूचना दी। महाराजगंज बीडीओ बिंदु कुमार ने बताया कि पुल ध्वस्त होने की सूचना प्राप्त हुई है। इस संबंध में वरीय अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है। उन्होंने कहा कि स्थिति की जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
ग्रामीणों की मांग—पुल का तुरंत पुनर्निर्माण शुरू हो
घटना के बाद ग्रामीणों ने मांग की है कि प्रशासन जल्द से जल्द पुल के पुनर्निर्माण की प्रक्रिया शुरू करे ताकि आवागमन सुचारू हो सके। लोगों ने चेतावनी दी है कि अगर शीघ्र कदम नहीं उठाए गए तो वे आंदोलन को बाध्य होंगे।
पुल ध्वस्त होने की यह घटना विभागीय लापरवाही और ओवरलोड वाहनों के अनियंत्रित आवागमन पर बड़ा सवाल खड़ा करती है। फिलहाल ग्रामीण राहत और स्थायी समाधान की मांग को लेकर प्रशासन की ओर उम्मीद भरी नजरों से देख रहे हैं।






