मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने चिंतन शिविर से 51 अनुकरणीय विद्यालयों में प्रयोगशालाओं का किया उद्घाटन
विद्यार्थियों को मिलेगा प्रयोगात्मक शिक्षा का बेहतर अवसर

एजुकेशन न्यूज़ डेस्क l केएमपी भारत l पटना
संवाददाता l सीवान। विज्ञान की पढ़ाई को सिर्फ किताबों तक सीमित रखने के बजाय विद्यार्थियों को प्रयोग के माध्यम से सीखने का अवसर देने की दिशा में रविवार को जिले के एकमात्र अनुकरणीय मॉडल स्कूल वीएमएचएस (V.M.H.S.) इंटर कॉलेज में भौतिकी और रसायन विज्ञान की प्रयोगशालाओं का उद्घाटन किया गया।https://youtu.be/HA542WnFv1o?si=pzU4vECzJMs3xNzZ
बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने चिंतन शिविर के उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान राज्य के 51 अनुकरणीय विद्यालयों में प्रयोगशालाओं का उद्घाटन किया। इसी क्रम में सीवान के वीएमएचएस इंटर कॉलेज में भी कार्यक्रम आयोजित हुआ।

विद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम में हरिश्चंद्र प्रसाद, साधन सेवी, बीपीई, सीवान (प्रभारी जिला शिक्षा पदाधिकारी) एवं विद्यालय के प्राचार्य राकेश कुमार सिंह के संयुक्त तत्वावधान में भौतिकी एवं रसायन विज्ञान प्रयोगशालाओं का उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के शिक्षक, छात्र-छात्राएं और शिक्षकेतर कर्मी उपस्थित रहे।


कार्यक्रम के दौरान विज्ञान शिक्षा को मजबूत बनाने में प्रयोगशालाओं की भूमिका पर विशेष रूप से चर्चा की गई। शिक्षकों ने कहा कि प्रयोगशाला के माध्यम से विद्यार्थी पाठ्यक्रम में पढ़ाए जाने वाले वैज्ञानिक सिद्धांतों को प्रयोग करके समझ सकेंगे। इससे उनकी विषय के प्रति समझ विकसित होने के साथ-साथ विज्ञान के प्रति रुचि भी बढ़ेगी।

लाइव प्रसारण के जरिए मुख्यमंत्री का संदेश सुना
विद्यालय में उपस्थित सभी छात्र-छात्राओं एवं शिक्षकों ने मुख्यमंत्री के चिंतन शिविर कार्यक्रम का लाइव प्रसारण ध्यानपूर्वक देखा और सुना।

मुख्यमंत्री ने विद्यार्थियों के लिए प्रयोगशाला आधारित शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला। लाइव प्रसारण के दौरान विद्यार्थियों में खासा उत्साह देखने को मिला। छात्रों ने विज्ञान की पढ़ाई में प्रयोगशाला की उपयोगिता को समझा और इसे अपने शैक्षणिक विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया।

विद्यालय के शिक्षकों ने कहा कि प्रयोगशाला में नियमित रूप से प्रायोगिक गतिविधियां होने से विद्यार्थियों में जिज्ञासा, वैज्ञानिक सोच और समस्या समाधान की क्षमता विकसित होगी। खासकर इंटर स्तर के विद्यार्थियों के लिए भौतिकी और रसायन विज्ञान के प्रयोगों को स्वयं करके समझना काफी उपयोगी साबित होगा।

इस अवसर पर विद्यालय के विज्ञान शिक्षक अनिल कुमार पांडे, श्रीमती प्रज्ञा, मनीषा कुमारी एवं काजल बाला सहित शिक्षक राघव जी, मुरारी सिंह, आफताब आलम, सीमा रॉय समेत अन्य शिक्षक उपस्थित रहे। विद्यालय प्रबंधन ने प्रयोगशालाओं के उद्घाटन को विज्ञान शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि इससे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण एवं प्रयोगात्मक शिक्षा का बेहतर वातावरण मिलेगा।







