मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के प्रति जताएंगे धन्यवाद; त्रिस्तरीय पंचायत व्यवस्था को मजबूत करने पर होगा मंथन
पॉलिटिकल न्यूज़ डेस्क l केएमपी भारत l पटना
संवाददाता l सीवान।
बिहार में करीब 36 वर्षों बाद त्रिस्तरीय पंचायत व्यवस्था के लिए परिसीमन लागू करने के राज्य सरकार के ऐतिहासिक एवं साहसिक निर्णय के समर्थन में 22 जुलाई को सीवान के टाउन हॉल में “धन्यवाद सह आभार सभा” का आयोजन किया जाएगा। कार्यक्रम सुबह 11 बजे से शुरू होगा, जिसमें राज्यभर के पंचायत प्रतिनिधियों, मुखिया, प्रमुख, जिला परिषद सदस्य, सरपंच, पंच एवं वार्ड सदस्य संगठनों के प्रतिनिधियों की भागीदारी रहेगी।
आयोजकों के अनुसार, राज्य सरकार द्वारा वर्ष 2011 की जनगणना के आधार पर पंचायतों के परिसीमन का निर्णय स्थानीय स्वशासन व्यवस्था को अधिक प्रभावी, संतुलित और जनसंख्या के अनुरूप बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। इसी निर्णय के प्रति मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के प्रति आभार व्यक्त करने के उद्देश्य से इस सम्मेलन का आयोजन किया जा रहा है।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मुखिया महासंघ, बिहार के प्रदेश अध्यक्ष मिथलेश कुमार राय होंगे। वहीं उद्घाटन जिला परिषद संघ, बिहार की प्रदेश अध्यक्ष कृष्णा यादव करेंगी। कार्यक्रम की गरिमामय उपस्थिति में जिला परिषद अध्यक्ष, सीवान संगीता यादव शामिल रहेंगी।
सम्मेलन में मुखिया महासंघ, बिहार के प्रदेश प्रवक्ता एवं सीवान जिला अध्यक्ष अजय भास्कर चौहान, पंच-सरपंच संघ, बिहार के प्रदेश अध्यक्ष प्रमोद कुमार निराला, प्रमुख संघ, सीवान के जिला अध्यक्ष मनोज कुमार सिंह, तथा सरपंच एवं पंच संघ, सीवान के जिला अध्यक्ष मुकेश सिंह भी अपनी बात रखेंगे। विशिष्ट अतिथियों में प्रमुख संघ, बिहार की प्रदेश अध्यक्ष जयमाला पासवान, वार्ड सदस्य संघ, सीवान के जिला अध्यक्ष अरुण सिंह तथा अन्य पंचायत प्रतिनिधि उपस्थित रहेंगे।
मुखिया महासंघ, बिहार के प्रदेश प्रवक्ता एवं सीवान जिला अध्यक्ष अजय भास्कर चौहान का कहना है कि परिसीमन के बाद पंचायतों की संरचना अधिक संतुलित होगी, जिससे विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और जनप्रतिनिधियों की जवाबदेही बढ़ेगी। सम्मेलन में पंचायत व्यवस्था को और सशक्त बनाने, स्थानीय निकायों के अधिकारों तथा आगामी पंचायत चुनाव की तैयारियों जैसे विषयों पर भी चर्चा होने की संभावना है।
आयोजन समिति ने जिले के सभी मुखिया, प्रमुख, जिला परिषद सदस्य, पंचायत समिति सदस्य, सरपंच, पंच, वार्ड सदस्य एवं अन्य जनप्रतिनिधियों से समय पर टाउन हॉल पहुंचकर कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की है। आयोजकों का मानना है कि यह सम्मेलन पंचायत प्रतिनिधियों की एकजुटता का संदेश देगा और राज्य में स्थानीय स्वशासन को नई दिशा प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगा।






