18 मई तक दर्ज कर सकेंगे दावा-आपत्ति; 5 जून तक अंतिम प्रकाशन, आयोग ने समय-सीमा के कड़ाई से पालन के दिए निर्देश
सेंट्रल डेस्क l केएमपी भारत l पटना
पटना। संजीव कुमार। राज्य निर्वाचन आयोग, बिहार ने पंचायत आम निर्वाचन 2026 की तैयारियों के तहत ‘प्रपत्र-1’ के प्रारूप प्रकाशन की समय-सारणी में महत्वपूर्ण संशोधन किया है। पहले यह प्रारूप 27 अप्रैल 2026 को जारी होना प्रस्तावित था, लेकिन अपरिहार्य कारणों से अब इसे 4 मई 2026 को प्रकाशित किया जाएगा। आयोग ने इस संबंध में विस्तृत संशोधित कार्यक्रम जारी करते हुए सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को निर्देश दिया है कि नई समय-सीमा का सख्ती से पालन सुनिश्चित किया जाए।
आयोग के अनुसार, ‘प्रपत्र-1’ वर्ष 2011 की जनगणना के आधार पर राजस्व ग्रामवार जनसंख्या के आंकड़ों पर तैयार किया जाता है, जो पंचायत चुनाव के प्रादेशिक निर्वाचन क्षेत्रों के निर्धारण में अहम भूमिका निभाता है। इसी वजह से इस प्रक्रिया में डेटा प्रविष्टि और सत्यापन को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया गया है।
दावा-आपत्ति के लिए 15 दिन का समय
संशोधित कार्यक्रम के तहत ‘प्रपत्र-1’ के प्रकाशन के साथ ही 4 मई से 18 मई 2026 तक दावा और आपत्ति दर्ज कराने की अवधि निर्धारित की गई है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि केवल जनसंख्या से संबंधित तथ्यों के आधार पर ही दावा या आपत्ति मान्य होगी। इसके बाद 22 मई तक आपत्तियों का निष्पादन किया जाएगा, जबकि 11 मई से 29 मई तक अपील वादों का निपटारा किया जाएगा।
5 जून तक अंतिम सूची, 9 जून को गजट में प्रकाशन
आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, सभी प्रक्रियाओं को पूरा करते हुए ‘प्रपत्र-1’ का अंतिम प्रकाशन 5 जून 2026 तक किया जाएगा। इसके बाद 9 जून 2026 को इन आंकड़ों को जिला गजट में प्रकाशित किया जाएगा। यह चरण पंचायत चुनाव की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
कहां-कहां उपलब्ध होगा ‘प्रपत्र-1’
प्रारूप ‘प्रपत्र-1’ को आम लोगों की सुविधा के लिए विभिन्न स्तरों पर उपलब्ध कराया जाएगा। ग्राम पंचायत एवं पंचायत समिति सदस्य पद के लिए यह ग्राम पंचायत कार्यालय और प्रखंड कार्यालय में देखा जा सकेगा। वहीं जिला परिषद सदस्य पद के लिए प्रखंड, अनुमंडल और जिला पदाधिकारी कार्यालयों में इसे प्रदर्शित किया जाएगा। इसके अलावा आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर भी यह उपलब्ध रहेगा।
ऑनलाइन सुविधा और हेल्पलाइन भी सक्रिय
मतदाताओं और नागरिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए आयोग ने ऑनलाइन सेवाएं भी उपलब्ध कराई हैं। कोई भी नागरिक आयोग की वेबसाइट पर जाकर ‘प्रपत्र-1’, मतदाता सूची, मतदान केंद्र और अन्य निर्वाचन संबंधी जानकारी प्राप्त कर सकता है। साथ ही ऑनलाइन माध्यम से दावा और आपत्ति भी दर्ज की जा सकती है।
इसके अतिरिक्त आयोग ने टोल फ्री नंबर 1800-3457-243 जारी किया है, जहां कॉल कर मतदाता या अभ्यर्थी चुनाव से संबंधित जानकारी, सुझाव या शिकायत दर्ज करा सकते हैं।
निर्देश: समय-सीमा में कार्य पूरा करें अधिकारी
आयोग ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि संशोधित कार्यक्रम के अनुसार निर्धारित प्रक्रिया का अक्षरशः पालन करते हुए तय समय के भीतर सभी कार्य पूर्ण करें। आयोग ने यह भी दोहराया कि पारदर्शिता और सटीकता सुनिश्चित करने के लिए डेटा का सही संकलन और सत्यापन बेहद जरूरी है।






