एकलव्य योजना के तहत कायाकिंग और कैनोइंग के लिए हुआ चयन परीक्षण
बेहतर प्रदर्शन करने वालों को मिलेगा निशुल्क प्रशिक्षण और छात्रवृत्ति
स्पोर्ट्स न्यूज़ डेस्क l केएमपी भारत l पटना
संवाददाता l सिवान
सिवान जिले के मैरवा स्थित पीटीसी खेल मैदान में शुक्रवार को खेल विभाग बिहार सरकार, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण पटना एवं जिला प्रशासन सिवान के संयुक्त तत्वावधान में वॉटर स्पोर्ट्स (कायाकिंग एवं कैनोइंग) के लिए ट्रायल एवं चयन प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। एकलव्य योजना के तहत आयोजित इस चयन प्रक्रिया में सिवान, छपरा एवं गोपालगंज के लगभग 110 बालक एवं बालिका खिलाड़ियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।

प्रतियोगिता के दौरान खिलाड़ियों की शारीरिक क्षमता और खेल कौशल की गहन जांच की गई। चयन प्रक्रिया को दो चरणों — बैटरी टेस्ट एवं स्किल टेस्ट — में विभाजित किया गया था। बैटरी टेस्ट के अंतर्गत बॉल थ्रो, 10×6 शटल रेस, ब्रॉड जंप, वर्टिकल जंप, 800 मीटर दौड़, लंबाई एवं वजन की जांच की गई। वहीं स्किल टेस्ट में खिलाड़ियों की बॉल थ्रो क्षमता एवं पासिंग स्किल का मूल्यांकन किया गया।
जिला खेल पदाधिकारी उपेंद्र कुमार यादव ने बताया कि ट्रायल में शामिल खिलाड़ियों ने बेहतर प्रदर्शन किया और चयन पूरी तरह प्रदर्शन आधारित होगा। उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य ग्रामीण एवं स्थानीय प्रतिभाओं को पहचान कर उन्हें पेशेवर प्रशिक्षण उपलब्ध कराना है, ताकि भविष्य में वे राज्य और देश के लिए उत्कृष्ट खिलाड़ी बन सकें।
उन्होंने बताया कि चयनित खिलाड़ियों को बिहार सरकार की ओर से निशुल्क प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। साथ ही खिलाड़ियों को छात्रवृत्ति का लाभ भी मिलेगा, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का अवसर प्राप्त होगा।

खिलाड़ियों के ट्रायल एवं चयन कार्य को सफलतापूर्वक संपन्न कराने के लिए बिहार राज्य खेल प्राधिकरण से मुकेश कुमार यादव, सुधांशु कुमार एवं रवि सिंह को प्रतिनियुक्त किया गया था। वहीं पीटीसी के प्राचार्य सत्येंद्र सिंह ने खिलाड़ियों से परिचय प्राप्त कर उनका उत्साहवर्धन किया और बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम के सफल संचालन में मनोरंजन कुमार सिंह, प्रमोद कुमार सिंह, विजय प्रताप सिंह, बृजेश कुमार, रमेश कुमार, मनोज कुमार, वाल्मीकि ओझा, सुनील कुमार, एकता अवस्थी, ऋषि कुमार सिंह, साक्षी कुमारी, प्रदीप यादव, फुलेना यादव, रवि श्रीवास्तव, महमूद आलम एवं तनवीर आरफी सहित कई खेल कर्मियों एवं सहयोगियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
इस आयोजन ने न केवल क्षेत्रीय खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच दिया, बल्कि बिहार में वॉटर स्पोर्ट्स को बढ़ावा देने की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ।






